कल का हर वाक़िआ तुम्हारा था
आज की दास्ताँ हमारी है
Humne to khud se inteqam lia ,
Tumne kya soch kar humse mohabbat ki?
Diye Hain Zindagi Ne Zaḳhm Aise;Ki Jin Ka Waqt Bhi Marham Nahin Hai!
कितना दर्द हैं दिल में दिखाया नही जाता,
गंभीर हैं किस्सा सुनाया नही जाता,
विडियो कॉल मत कर पगली,
रजाई में से मुहँ निकाला नही जाता...
Apni tanhaayi se tang aa kar..
Bahut se aainey khareed laya hun …