बहुत भीड़ है, इस मोहब्बत के शहर में।
एक बार जो बिछड़ा, वो दोबारा नहीं मिलता।
DESH bahkto ki balidaan se,
SWATNATRA huye hai hum..
koi puche kon ho,
to GRAV se kahenge.
Bhartiya hai hum…
Tum Laut k anay ka takalluf mat
Karna,
Hum Ek mohabbat ko Do baar Nahi kartay…
किसी भी मुशकिल का अब किसी को हल नही मिलता ,
शायद अब घर से कोई माँ के पैर छूकर नही निकलता
काश उन्हें चाहने का अरमान नही होता,में होश में होकर भी अंजान नही होता,ये प्यार ना होता, किसी पत्थर दिल से,या फिर कोई पत्थर दिल इंसान ना होता!